धर्मशाला: जवाली स्कूल में सामूहिक नकल पर गिरी गाज; 3 शिक्षक सस्पेंड, परीक्षा केंद्र रद
Action Taken Against Mass Cheating at Jawali School
धर्मशाला। Action Taken Against Mass Cheating at Jawali School, हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड की परीक्षा में सामूहिक नकल करने का मामला पकड़ा गया है। पीएम श्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला जवाली में 13 मार्च को आयोजित जमा दो कक्षा की परीक्षा में सामूहिक नकल का मामला सामने आने के बाद शिक्षा विभाग ने कड़ा कदम उठाया है। वीडियो साक्ष्य मिलने पर तीन शिक्षकों को निलंबित कर दिया है।
शिक्षा निदेशालय के अनुसार, परीक्षा केंद्र में एक शिक्षक की ओर से छात्रों को एमसीक्यू के उत्तर मौखिक रूप से बताने का वीडियो सामने आया है, जिससे सामूहिक नकल और अनुचित साधनों को बढ़ावा देने का मामला बनता है।
शिक्षा विभाग ने परीक्षा केंद्र में तैनात डिप्टी सुपरिंटेंडेंट कम लेक्चरर (अंग्रेजी) कमल सिंह, असिस्टेंट को-आर्डिनेटर कम लेक्चरर (फिजिकल एजुकेशन) अजय कुमार व सेंटर सुपरिंटेंडेंट कम लेक्चरर (बायोलाजी) रवि भंडारी को निलंबित किया है।
सैकड़ों किलोमीटर दूर किया तबादला
निलंबन अवधि के दौरान कमल सिंह का मुख्यालय राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला छितकुल (किन्नौर), अजय कुमार का राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सिस्सू व रवि भंडारी का राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला त्रिलोकीनाथ (लाहुल-स्पीति) निर्धारित किया है। तीनों को सैकड़ों किलोमीटर दूर भेजा गया है।
जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा
तीनों बिना अनुमति मुख्यालय नहीं छोड़ेंगे। निदेशालय ने स्पष्ट किया है कि संबंधित शिक्षकों को नियमों के अनुसार निलंबन अवधि में जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।
परीक्षा केंद्र भी किया रद
स्कूल शिक्षा बोर्ड ने जवाली स्कूल के परीक्षा केंद्र को रद कर दिया है। अब विद्यार्थी राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मतलाहड़ में बनाए गए केंद्र में परीक्षा देंगे।
बोर्ड सचिव के पत्र पर कार्रवाई
यह कार्रवाई स्कूल शिक्षा बोर्ड के सचिव डा. मेजर विशाल शर्मा की ओर से भेजे पत्र के आधार पर तीनों शिक्षकों के विरुद्ध कार्रवाई की है। एसडीएम जवाली नरेंद्र जरियाल ने बताया कि जवाली स्कूल में सामूहिक नकल मामले की सूचना मिलने पर मौके पर जाकर निरीक्षण किया।
परीक्षा में बाधा डालने व अनुचित साधनों का प्रयोग करवाने वाली किसी भी गतिविधि के प्रति बोर्ड की जीरो टालरेंस नीति रहेगी। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
-डा. राजेश शर्मा, अध्यक्ष, स्कूल शिक्षा बोर्ड धर्मशाला।